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प्रयागराज . UP board result 2019: मातृभाषा हिंदी में 9 लाख 98 हजार परीक्षार्थी फेल

प्रयागराज / इलाहाबाद ।  यूपी बोर्ड के रिजल्ट में इस बार पिछले वर्ष की अपेक्षा गिरावट दर्ज हुई,  लेकिन आश्चर्यजनक तरीके से लाखों परीक्षार्थी अपनी मातृभाषा हिंदी में भी पास नहीं हो सके। लगभग लाख स्टूडेंट हिंदी विषय में सफल नहीं हो पाए हैं। इनमे हाईस्कूल में 5 लाख 74 हजार 409 परीक्षार्थी हिंदी विषय में फेल हो गये। जबकि बारहवीं  में यह संख्या 4 लाख 23 हजार 841 है। ऐसा नहीं है कि अन्य विषयों में परीक्षार्थी फेल नहीं हुए या उनमें पास फेल होने की संख्या कम है , लेकिन जिस तरीके से मातृभाषा हिंदी अनिवार्य रूप से पढ़ाई जाती है और यह आसानी से बच्चों के समझ में भी आ जाती है । उसके बावजूद हिंदी में इतनी बड़ी संख्या में फेल हुए परीक्षार्थियों ने मौजूदा शैक्षिक व्यवस्था पर भी सवाल उठाए हैं । पिछले वर्ष भी हिंदी में ऐसा ही आंकडा फेल होने का सामने आया था। तब 11 लाख 20 हजार परीक्षार्थी हिंदी में फेल हो गये थे। हालांकि यह आंकडा तब बहुत अधिक बढ जायेगा जब हिंदी की परीक्षा छोडने वालों को भी इसमे जोड दिया जाये। इस बार हिंदी की परीक्षा छोडने वालों में 4 लाख 51 हजार 252 परीक्षार्थी शामिल थे। अगर इनका भी आंकडा इसमे जोडा जायेगा तो 14 लाख से अधिक परीक्षार्थी हिंदी में फेल हो गये हैं। फिलहाल पूरे देश में हिंदी को बढावा देने व हिंदी में काम करने और हिंदी भाषी क्षेत्र होने के कारण बोर्ड का यह रिजल्ट काफी झटका देने वाला है। बोर्ड का कहना है कि इस पर हम गंभीरता से कदम उठा रहे है।
आंकडा बहुत कुछ कहता है
हाईस्कूल व इंटरमीडियट दोनों में जिस तरह से हिंदी में फेल होने वाले परीक्षार्थियों की संख्या का आंकडा सामने आया है, उससे यह साफ है कि बदलाव नहीं हो रहा है और पिछले सालों में जो स्थिति विद्वालयों में हिंदी को लेकर बनी थी अभी भी वही स्थिति बनी हुई है।
बोर्ड द्वारा उपलब्ध कराये गये आंकडों के अनुसार हाईस्कूल में 5 लाख 74 हजार 107 हिंदी में व प्रारंभिक हिंदी में 302 फेल हुये। कुल 5 लाख 74 हजार 409 फेल हुये। वहीं, इंटरमीडिएट हिंदी में 193447 व सामान्य हिंदी में 230394 फेल हुये। यानी इंटर में कुल 423841 परीक्षार्थी हिंदी में फेल हुये हैं।
इतने लोगों ने नहीं दी हाईस्कूल की परीक्षा
यूपी बोर्ड की हाईस्कूल के हिंदी विषय में 234451 व प्रारंभिक हिंदी में 95 सहित कुल 2 लाख 34 हजार 546 परीक्षार्थी शामिल नहीं हुये। जबकि इंटर में 77 हजार 633 हिंदी में व सामान्य हिंदी में 1 लाख 39 हजार 73 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल नहीं हुये थे। यानी इंटर में कुल 2 लाख 16 हजार 706 परीक्षार्थी नहीं शामिल हुये। अगर पूरा आंकडा देखें तो यह संख्या 4 लाख 52 हजार 252 है। जिन्होंने हाईस्कूल की परीक्षा नहीं दी है।
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Written by Amarish Shukla

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